घाटकोपर-मानखुर्द लिंक रोड बना खूनी रोड़ ,एक और वाहन चालक की गई सड़क दुर्घटना में जान

  • डम्पर के पिछले टायर के नीचे आकर स्कूटर चालक की दर्दनाक मौत
  • राज्य का परिवहन विभाग, मुक दर्शक बनकर सड़क दुर्घटनाओं में बढ़ती मौतों  का  तमाशा देखने को लाचार

रिपोर्ट : यशपाल शर्मा 

मुंबई : गोवंडी शिवाजीनगर इलाके का 7 किलोमीटर लंबा घाटकोपर मानखुर्द लिंक रोड़ में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं में राहगीरों समेत वहां चालकों की बढ़ती मौतों पर अंकुश लगाने के लिये मुंबई महानगर पालिका ने 420 करोड़ रुपए का फण्ड बनाने के लिये पास हुआ था, ब्रिज निर्माण में बढ़ती देरी होने के कारण फण्ड को 350 करोड़ रुपए का फण्ड और बढ़ा दिया गया । उसके बावजूद  निर्माणधीन ब्रिज के कार्य  के साथ आरसीसी रोड का कार्य भी बड़े पैमाने पर शुरू होने से ,न सिर्फ सड़क दुर्घटनाओं में वृद्धि दर्ज हुई है बल्की ट्रैफिक जाम की समस्या ने रोजाना आने जाने वाले हजारों की संख्या में वाहन चालकों,राहगीरों, स्थानिक नागरिकों सहित एम्बुलेंस के जाने का रास्ता न मिलने के कारण वो भी वाऊ वाऊ करती चिल्लाती राह जाती है बीच ट्रैफिक में फंसी रास्ता ढूंढने की कोशिश में एम्बुलेंस  ,गाड़ी के भीतर मौजूद मरीज समय पर अस्पताल नही पहुंच पाने का कारण ट्रैफिक में ही दम तोड़ते नजर आते है  ।कहा जाता है कि अभी महीना भर भी नही गुजरे की एक सड़क हादसे में राहगीर की जान चली गई ,वहीं मौजूदा समय की सड़क दुर्घटना ने फिर से एक इंसानी जिंदगी लील गया खूनी लिंक रोड  ।जिसके काऱण घाटकोपर मानखुर्द लिंक रोड़ का नामांकरण गोवंडी की जनता ने खूनी रोड रख दिया है ।स्थानीय सामजसेवी संस्थानों ,मंडलो ने राज्य की उद्धाव सरकार सहित परिवहन मंत्रालय से किया लिंक रोड पर बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने की मांग ।

इसके अलावा लिंक रोड पर मिनटों की 7 किलोमीटर की दूरी तय करने में लगते है एक-एक घंटे  ।सूत्रों के अनुसार इसकी मुख्य वजह है 7 किलोमीटर लंबे लिंक रोड में मुंबई ट्रैफिक प्रशासन व मनपा को सड़क किनारे खड़ी की गई बेलगाम गाड़ियां, अतिक्रमण, अवैध पार्किंगों से महीने की लाखों रुपए का हफ्ता जाता है। कहा जाता है की स्थानीय गाड़ियों से ज्यादा आपको मानखुर्द टी सिग्नल से लेकर म्याक्का मंदिर मंडाला स्क्रैप ,वह शंकरा कॉलोनी के नाले से छेड़ा नगर तक नई मुंबइ जैसी जगहों की बाहर की गाड़ियां पार्क की जाती है ।बकाया कसर सड़क पर गैरिज वालो और भंगर वालो का खुले आम सर्विस रोड से लगाकर बीच सड़क तक खुले आम  कब्जा कर के रखते है। जिसको लेकर गैरिज ,भंगार वाले दुकानदार छाती ठोंके के कहते है ट्रैफिक पुलिस और बीएमसी को हफ्ता किस लिए देते है ।यह समस्या सिर्फ लिंक रोड की नही है बल्की गोवंडी शिवाजीनगर ,बगैनवाड़ी के भीतरी भागों में  चलने वक़्ली अवैध पार्किंगों का धंधा मुंबइ के ट्रैफिक विभाग के भ्रस्ट अधिकारियों के कारण फल फूल राह है । जिसे मुंबइ का ट्रैफिक प्रशासन संरक्षण देने के चलते ट्रैफिक की समस्या सुलझाने की बाजये उलझ गई है । क्षेत्र के ईशान्य मुंबइ के भाजपा संसाद मनोज कोटक व शिवाजीनगर मानखुर्द विधानसभा क्षेत्र के अबु आसीम आज़मी दोनों घंटो जाम रहने वाले लिंक रोड के भुगतभोगी है पर लाचारी के कारण मूक दर्शक की भांति बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं में राहगीरों वाहन चालकों की मौत का तमाशा देखने को मजबूर है ।


Comments