Unnao : जिलाधिकारी की अध्यक्षता में हुआ जिला स्वास्थ्य शासकीय निकाय की बैठक का आयोजन


जिलाधिकारी ने दिये प्रभारी चिकित्साधिकारी के वेतन रोकने के निर्देश


रिपोर्ट : तनवीर खान


उन्नाव, (उ0प्र0) : जिलाधिकारी रवीन्द्र कुमार की अध्यक्षता में विकास भवन सभागार में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत जिला स्वास्थ्य शासकीय निकाय की बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में 1 अप्रैल से 31 मई तक हुई प्रोग्रेस के बारे में चर्चा के साथ-साथ 2019 की वित्तीय समीक्षा भी की गई।


बैठक में जिलाधिकारी ने मुख्य चिकित्साधिकारी डा0 आशुतोष कुमार को आवश्यक दिशा निर्देश देते हुये कहा कि नाॅन ब्लाॅक सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों के अधीक्षक हर बैठक में अनिवार्य रूप से प्रतिभाग करेंगे। उनका प्रशासनिक ब्लाॅक सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र अधीक्षक/ प्रभारी चिकित्साधिकारी के पास रहेगा। अगर नाॅन ब्लाक सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र वाले अधीक्षक सामंजस्य बनाकर नहीं चलते हैं तो उसकी सूचना अवश्य दें, जो कार्य नहीं करेगा उस पर कार्यवाही करने के निर्देश दिये। उन्होंने मुख्य चिकित्साधिकारी को सभी प्रोग्रामों की साप्ताहिक समीक्षा करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम की 32 समिति कोविड-19 के साथ-साथ अपना मूलकार्य भी देखेंगी। बैठक में एनुअल हेल्थ कार्ड/ ब्लाॅकवार डैशबोर्ड रैंकिंग पर चर्चा, जननी सुरक्षा योजना की प्रगति, नीति आयोग, फैमली प्लानिंग, राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम, आशा भुगतान आदि बिन्दुओं पर चर्चा की गई।


बैठक में सिकन्दरपुर सरोसी के प्रभारी चिकित्साधिकारी के अनुपस्थित होने पर जिलाधिकारी ने उनका वेतन रोकने के निर्देश मुख्य चिकित्साधिकारी को दिये और यह भी कहा कि बैठक में प्रत्येक प्रभारी स्वयं प्रतिभाग करेंगे यदि आवश्यकता है तो मुख्य चिकित्साधिकारी से अनुमति लेने के बाद ही अपने प्रतिनिधि को बैठक में प्रतिभाग करने हेतु भेजेंगे। ब्लाॅक कम्युनिटी मैनेजर के कार्यों से असंतुष्ट प्रभारी चिकित्साधिकारी फतेहपुर-84 द्वारा ब्लाॅक कम्युनिटी मैनेजर की शिकायत करने पर जिलाधिकारी ने ब्लाॅक कम्युनिटी मैनेजर को हटाने के निर्देश दिये। उन्होंने प्रत्येक सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों की समीक्षा करते हुये कहा कि किसी भी सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में लापरवाही/गड़बड़ी नहीं होनी चाहिये। उन्होंने मुख्य चिकित्साधिकारी को निर्देशित करते हुये कहा कि जो भी संविदा/ आउटसोर्सिंग कर्मचारी कार्यों में ढिलाई बरत रहे हैं, उनकी सेवायें समाप्त कर दी जायें।


जिलाधिकारी ने प्रत्येक ए0सी0एम0ओ0/ डिप्टी सी0एम0ओ0 को समस्त सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों का निरीक्षण प्रतिदिन अनिवार्य रूप से करने के निर्देेश देते हुये कहा कि निरीक्षण आख्या से अवगत भी करायें। बैठक में मुख्य चिकित्सा अधीक्षिका (जिला महिला चिकित्सालय), अपर मुख्य चिकित्साधिकारी, जिला लेखा प्रबन्धक डी0पी0एम0यू0, उप मुख्य चिकित्साधिकारी, सहित अन्य सम्बन्धित उपस्थित थे।


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